सुयोग अकादमी (Suyog Academy)
suyogacademy.com — RPSC & RSMSSB फ्री GK नोट्स
सामान्य विज्ञान

अम्ल, क्षारक, लवण और रासायनिक अभिक्रियाएँ — pH, सूचक, प्रमुख लवण, जंग — SSC/रेलवे/CET

सुधीर ढाका (इतिहास, कला-संस्कृति, हिंदी व्याकरण व सामान्य विज्ञान नोट्स लेखक)
प्रकाशित:
25 मिनट पठन

कैसे बना: यह नोट सुयोग अकादमी के लेखक ने परीक्षा सिलेबस के अनुसार लिखा/संपादित किया है। प्रकाशन तिथि ऊपर और अंतिम संशोधन तिथि लेख के अंत में दी गई है। त्रुटि दिखे तो संपर्क करें। टीम परिचय

स्रोत आधार: SSC, RRB NTPC, अग्निवीर व RSSB CET पाठ्यक्रम की सामान्य विज्ञान इकाई; NCERT विज्ञान पाठ्यपुस्तकें (कक्षा 6–10) और SI मात्रक प्रणाली। शब्दशः पुस्तक पाठ नहीं।

शेयर करें:
📚General ScienceSUYOG ACADEMY
📚
सुयोग अकादमी • RPSC & RSMSSB100% नि:शुल्क

सुयोग AI गुरु

नोट्स के मुख्य बिंदु, मॉक MCQ या डाउट पूछें

संक्षिप्त उत्तर: रासायनिक अभिक्रियाएँ मुख्यतः संयोजन, अपघटन (ऊष्मीय, विद्युत, प्रकाश), विस्थापन, द्विविस्थापन, उदासीनीकरण और ऑक्सीकरण-अपचयन (रेडॉक्स) प्रकार की होती हैं; ऊष्मा मुक्त करने वाली ऊष्माक्षेपी (श्वसन, बिना बुझे चूने पर जल) और ऊष्मा लेने वाली ऊष्माशोषी (CaCO₃ का अपघटन, प्रकाश-संश्लेषण) कहलाती हैं। लोहे पर जंग (Fe₂O₃·xH₂O) लगने के लिए वायु और नमी दोनों आवश्यक हैं; इसे रोकने का प्रमुख उपाय जस्ते की परत चढ़ाना यानी यशदलेपन (गैल्वेनाइज़ेशन) है, जबकि वसा-तेल के ऑक्सीकरण से विकृतगंधिता (Rancidity) होती है। अरेनियस के अनुसार अम्ल जल में H⁺ और क्षारक OH⁻ आयन देते हैं; अम्ल नीले लिटमस को लाल, क्षारक लाल लिटमस को नीला करते हैं, फिनॉल्फ़्थेलिन क्षारक में गुलाबी और मेथिल ऑरेंज अम्ल में लाल हो जाता है। pH स्केल 0–14 का है — 25 °C पर शुद्ध जल का pH 7, रक्त का लगभग 7.4 और आमाशय के अम्ल का लगभग 1.5–3.5 होता है; 7 से कम अम्लीय और 7 से अधिक क्षारीय। प्राकृतिक अम्लों में सिरका — एसीटिक, नींबू — साइट्रिक, इमली — टार्टरिक, दही — लैक्टिक, चींटी का डंक — फॉर्मिक, टमाटर — ऑक्सेलिक अम्ल प्रमुख हैं। बेकिंग सोडा NaHCO₃, वॉशिंग सोडा Na₂CO₃·10H₂O, ब्लीचिंग पाउडर CaOCl₂, प्लास्टर ऑफ पेरिस CaSO₄·½H₂O और जिप्सम CaSO₄·2H₂O सबसे अधिक पूछे जाने वाले लवण हैं। लवण-जल (ब्राइन) के विद्युत-अपघटन (क्लोर-क्षार प्रक्रिया) से NaOH, Cl₂ और H₂ मिलते हैं। जल की अस्थायी कठोरता (Ca/Mg के बाइकार्बोनेट) उबालने से और स्थायी कठोरता (क्लोराइड व सल्फ़ेट) वॉशिंग सोडा या आयन-विनिमय से दूर होती है।


संक्षिप्त उत्तर

अभिक्रिया का प्रकारसामान्य रूपमानक उदाहरण
संयोजनA + B → ABCaO + H₂O → Ca(OH)₂ + ऊष्मा
अपघटनAB → A + BCaCO₃ → CaO + CO₂ (गरम करने पर)
विस्थापनA + BC → AC + BFe + CuSO₄ → FeSO₄ + Cu
द्विविस्थापनAB + CD → AD + CBNa₂SO₄ + BaCl₂ → BaSO₄↓ + 2NaCl
उदासीनीकरणअम्ल + क्षारक → लवण + जलHCl + NaOH → NaCl + H₂O
रेडॉक्सएक साथ ऑक्सीकरण व अपचयनCuO + H₂ → Cu + H₂O
सामान्य नामरासायनिक नामसूत्र
साधारण नमकसोडियम क्लोराइडNaCl
बेकिंग सोडा (खाने का सोडा)सोडियम हाइड्रोजनकार्बोनेटNaHCO₃
वॉशिंग सोडा (धोने का सोडा)सोडियम कार्बोनेट डेकाहाइड्रेटNa₂CO₃·10H₂O
ब्लीचिंग पाउडरकैल्शियम ऑक्सीक्लोराइडCaOCl₂
प्लास्टर ऑफ पेरिसकैल्शियम सल्फ़ेट हेमीहाइड्रेटCaSO₄·½H₂O
जिप्समकैल्शियम सल्फ़ेट डाइहाइड्रेटCaSO₄·2H₂O
सूचकअम्ल मेंक्षारक में
लिटमसनीला → लाललाल → नीला
फिनॉल्फ़्थेलिनरंगहीनगुलाबी
मेथिल ऑरेंजलालपीला
हल्दीपीला (कोई परिवर्तन नहीं)लाल-भूरा

2. सिलेबस में यह टॉपिक क्यों महत्वपूर्ण है?

यह अध्याय सामान्य विज्ञान का सबसे "दैनिक जीवन वाला" रसायन है — रसोई का सोडा, चींटी का डंक, दाँतों की सड़न, जंग, अम्लीय वर्षा और पानी की कठोरता सब इसी से समझ आते हैं। इसलिए SSC, रेलवे और राजस्थान की परीक्षाओं में इससे सामान्य नाम–सूत्र मिलान, सूचक के रंग, pH मान और "क्यों होता है" वाले तर्क-प्रश्न लगातार बनते हैं। परमाणु, आयन और संयोजकता की बुनियाद के लिए पहले पदार्थ, परमाणु संरचना और आवर्त सारणी पढ़ लें।

परीक्षा उपयोगिता: ★★★★★

  • SSC CGL / CHSL / MTS / GD — लवणों के सूत्र, प्राकृतिक अम्ल, सूचक, pH
  • RRB NTPC / Group D — अभिक्रियाओं के प्रकार की पहचान, संक्षारण, कठोरता
  • अग्निवीर — NCERT कक्षा 10 के अध्याय 1 और 2 के सीधे तथ्य
  • राजस्थान CET (12वीं व स्नातक), पटवारी — दैनिक जीवन आधारित एक-पंक्ति प्रश्न

प्रश्न कैसे आते हैं?

  1. दिए गए समीकरण में अभिक्रिया का प्रकार पहचानना
  2. सामान्य नाम ↔ रासायनिक सूत्र का मिलान
  3. पदार्थ ↔ उसमें उपस्थित अम्ल (इमली, दही, सिरका)
  4. सूचक का रंग, pH मान का क्रम
  5. उपयोग (प्लास्टर ऑफ पेरिस — टूटी हड्डी; ब्लीचिंग पाउडर — जल रोगाणुनाशन)
  6. दैनिक जीवन तर्क — "चिप्स के पैकेट में नाइट्रोजन क्यों?", "एंटासिड क्यों?"

3. रासायनिक अभिक्रिया और समीकरण

जब पदार्थ आपस में क्रिया करके नए गुणों वाले नए पदार्थ बनाते हैं, तो उसे रासायनिक अभिक्रिया कहते हैं। इसकी पहचान के संकेत हैं — अवस्था में परिवर्तन, रंग में परिवर्तन, गैस का निकलना, ताप में परिवर्तन और अवक्षेप बनना।

बिंदुव्याख्या
अभिकारक (Reactants)बाईं ओर लिखे पदार्थ, जो क्रिया करते हैं
उत्पाद (Products)दाईं ओर लिखे पदार्थ, जो बनते हैं
संतुलित समीकरणदोनों ओर हर तत्व के परमाणुओं की संख्या बराबर — द्रव्यमान संरक्षण का नियम
अवस्था-चिह्न(s) ठोस, (l) द्रव, (g) गैस, (aq) जलीय विलयन
↑ / ↓↑ गैस निकलना; ↓ अवक्षेप बनना

उदाहरण (संतुलन): भाप के साथ लोहा — 3Fe + 4H₂O → Fe₃O₄ + 4H₂। मैग्नीशियम रिबन का दहन — 2Mg + O₂ → 2MgO (चकाचौंध करने वाली सफ़ेद लौ, सफ़ेद चूर्ण)।


4. रासायनिक अभिक्रियाओं के प्रकार — उदाहरण तालिका

प्रकारसमीकरणप्रेक्षण / महत्त्व
संयोजनCaO + H₂O → Ca(OH)₂बिना बुझा चूना + जल → बुझा चूना; तीव्र ऊष्मा (ऊष्माक्षेपी); Ca(OH)₂ का विलयन सफ़ेदी में प्रयुक्त — 2-3 दिन में CO₂ से CaCO₃ की चमकीली परत
संयोजनC + O₂ → CO₂; 2H₂ + O₂ → 2H₂Oकोयले का दहन; हाइड्रोजन से जल
ऊष्मीय अपघटनCaCO₃ → CaO + CO₂चूना पत्थर से बिना बुझा चूना — सीमेंट उद्योग
ऊष्मीय अपघटन2FeSO₄ → Fe₂O₃ + SO₂ + SO₃हरे फ़ेरस सल्फ़ेट क्रिस्टल का रंग बदलना, जलती सल्फ़र की गंध
ऊष्मीय अपघटन2Pb(NO₃)₂ → 2PbO + 4NO₂ + O₂भूरा धुआँ (NO₂)
विद्युत अपघटन2H₂O → 2H₂ + O₂कैथोड पर बनी H₂ का आयतन एनोड पर बनी O₂ के आयतन का लगभग दोगुना
प्रकाश अपघटन2AgCl → 2Ag + Cl₂ (सूर्य प्रकाश)सफ़ेद AgCl धूसर हो जाता है; AgBr भी ऐसा करता है — श्वेत-श्याम फ़ोटोग्राफ़ी
विस्थापनFe + CuSO₄ → FeSO₄ + Cuनीला विलयन हल्का हरा; लोहे की कील पर भूरी परत (ताँबा)
विस्थापनZn + CuSO₄ → ZnSO₄ + Cuअधिक अभिक्रियाशील धातु कम अभिक्रियाशील को हटाती है
द्विविस्थापन (अवक्षेपण)Na₂SO₄ + BaCl₂ → BaSO₄ + 2NaClBaSO₄ का सफ़ेद अवक्षेप
उदासीनीकरणNaOH + HCl → NaCl + H₂Oअम्ल व क्षारक एक-दूसरे का प्रभाव समाप्त करते हैं
रेडॉक्सCuO + H₂ → Cu + H₂OCuO का अपचयन, H₂ का ऑक्सीकरण
रेडॉक्सZnO + C → Zn + COधातुकर्म में कार्बन अपचायक

विस्थापन का नियम: अधिक अभिक्रियाशील धातु ही कम अभिक्रियाशील धातु को उसके लवण-विलयन से हटा सकती है। इसलिए ताँबा, FeSO₄ से लोहे को नहीं हटा सकता। सक्रियता श्रेणी धातु-अधातु वाले नोट में है।


5. ऑक्सीकरण और अपचयन (रेडॉक्स)

आधारऑक्सीकरण (Oxidation)अपचयन (Reduction)
ऑक्सीजनऑक्सीजन का जुड़नाऑक्सीजन का हटना
हाइड्रोजनहाइड्रोजन का हटनाहाइड्रोजन का जुड़ना
इलेक्ट्रॉनइलेक्ट्रॉन का त्यागइलेक्ट्रॉन की प्राप्ति
कारकऑक्सीकारक स्वयं अपचयित होता हैअपचायक स्वयं ऑक्सीकृत होता है

CuO + H₂ → Cu + H₂O में CuO ने ऑक्सीजन खोई (अपचयन) और H₂ ने ऑक्सीजन पाई (ऑक्सीकरण); यहाँ H₂ अपचायक और CuO ऑक्सीकारक है। ऑक्सीकरण और अपचयन सदैव साथ-साथ होते हैं, इसलिए इन्हें रेडॉक्स (Reduction + Oxidation) कहते हैं।


6. ऊष्माक्षेपी और ऊष्माशोषी अभिक्रियाएँ

ऊष्माक्षेपी (Exothermic) — ऊष्मा मुक्तऊष्माशोषी (Endothermic) — ऊष्मा अवशोषित
श्वसन — ग्लूकोज़ + ऑक्सीजन → CO₂ + जल + ऊर्जाप्रकाश-संश्लेषण
प्राकृतिक गैस (CH₄) का दहनCaCO₃ का ऊष्मीय अपघटन
बिना बुझे चूने (CaO) पर जल डालनाअधिकतर अपघटन अभिक्रियाएँ (ऊष्मा, विद्युत या प्रकाश के रूप में ऊर्जा चाहिए)
शाक-सब्ज़ी के अपशिष्ट का कंपोस्ट बननाAgCl का प्रकाश द्वारा अपघटन
उदासीनीकरण; सांद्र अम्ल को जल में घोलना—

सावधानी का तथ्य: सांद्र अम्ल को तनु करते समय अम्ल को धीरे-धीरे जल में डालें, जल को अम्ल में नहीं — प्रक्रिया अत्यधिक ऊष्माक्षेपी है और मिश्रण छिटक सकता है या पात्र टूट सकता है।


7. संक्षारण और विकृतगंधिता

संक्षारण (Corrosion)

धातु पर आसपास के वायु, नमी, अम्ल आदि का आक्रमण होकर उसका धीरे-धीरे क्षय संक्षारण है। लोहे का संक्षारण जंग लगना (Rusting) कहलाता है।

धातुपरत का रंगपरत का पदार्थ
लोहालाल-भूरीजलयोजित फ़ेरिक ऑक्साइड — Fe₂O₃·xH₂O (जंग)
ताँबाहरीक्षारीय कॉपर कार्बोनेट
चाँदीकालीसिल्वर सल्फ़ाइड (Ag₂S) — वायु के सल्फ़र यौगिकों से

जंग की शर्तें: वायु (ऑक्सीजन) और जल (नमी) — दोनों आवश्यक। उबले हुए जल (घुली वायु रहित) में तेल की परत के नीचे रखी कील पर, या निर्जल CaCl₂ वाली सूखी वायु में रखी कील पर जंग नहीं लगता। लवणीय जल जंग को तेज़ करता है।

रोकथाम का उपायकैसे
पेंट, तेल, ग्रीसवायु व नमी से संपर्क रोकना
यशदलेपन (Galvanisation)लोहे/स्टील पर जस्ते (Zn) की परत; परत टूटने पर भी जस्ता पहले संक्षारित होकर लोहे को बचाता है
क्रोमियम लेपन, टिन लेपनविद्युत-लेपन से सुरक्षात्मक परत
एनोडीकरण (Anodising)ऐलुमिनियम पर ऑक्साइड की मोटी परत
मिश्रधातु बनानालोहे में Cr व Ni मिलाकर स्टेनलेस स्टील

विकृतगंधिता (Rancidity)

वसा और तेल युक्त खाद्य पदार्थ लंबे समय तक रखने पर ऑक्सीकृत होकर दुर्गंध और खराब स्वाद देने लगते हैं — यही विकृतगंधिता है। रोकथाम: प्रति-ऑक्सीकारक (Antioxidants) मिलाना, वायुरोधी पात्र, प्रशीतन, और चिप्स के पैकेट में ऑक्सीजन हटाकर नाइट्रोजन जैसी अक्रिय गैस भरना।


8. अम्ल और क्षारक — परिभाषा और गुण

गुणअम्ल (Acid)क्षारक (Base)
अरेनियस परिभाषाजल में H⁺ आयन (वास्तव में H₃O⁺, हाइड्रोनियम) देता हैजल में OH⁻ आयन देता है
स्वादखट्टाकड़वा
स्पर्श—साबुन जैसा चिकना
लिटमसनीला → लाललाल → नीला
pH7 से कम7 से अधिक
प्रबल उदाहरणHCl, H₂SO₄, HNO₃NaOH, KOH
दुर्बल उदाहरणएसीटिक अम्ल (CH₃COOH), कार्बोनिक अम्ल (H₂CO₃), साइट्रिक अम्लNH₄OH, Mg(OH)₂

क्षार (Alkali): जल में घुलनशील क्षारक — NaOH, KOH, Ca(OH)₂, NH₄OH। अर्थात् सभी क्षार क्षारक हैं, पर सभी क्षारक क्षार नहीं (जैसे Cu(OH)₂ जल में अघुलनशील)।

सांद्र बनाम प्रबल: "प्रबल" का अर्थ है जल में लगभग पूरा आयनित होना; "सांद्र" का अर्थ है विलयन में अम्ल की अधिक मात्रा। तनु HCl भी प्रबल अम्ल है। सूखी HCl गैस नीले लिटमस को लाल नहीं करती — अम्लीय गुण जल में H⁺ आयन बनने पर ही प्रकट होता है।


9. सूचक (Indicators)

सूचकप्रकार / स्रोतअम्ल मेंक्षारक में
लिटमसप्राकृतिक — लाइकेन (थैलोफ़ाइटा समूह का पौधा) सेलालनीला
हल्दीप्राकृतिकपीलालाल-भूरा
लाल पत्तागोभी, हाइड्रेंजिया, पिटूनिया, जिरेनियम की पंखुड़ियाँप्राकृतिकरंग परिवर्तनरंग परिवर्तन
फिनॉल्फ़्थेलिनसंश्लेषितरंगहीनगुलाबी
मेथिल ऑरेंजसंश्लेषितलालपीला
प्याज़, वनीला, लौंग का तेलगंधीय (Olfactory) सूचकगंध बनी रहती हैगंध (प्याज़, वनीला) समाप्त हो जाती है
सार्वत्रिक (Universal) सूचककई सूचकों का मिश्रणpH के अनुसार अलग-अलग रंगpH के अनुसार अलग-अलग रंग

दैनिक उदाहरण: सफ़ेद कपड़े पर लगा हल्दी का दाग साबुन (क्षारीय) से धोने पर लाल-भूरा हो जाता है और पानी से धोने पर फिर पीला।


10. अम्ल और क्षारक की अभिक्रियाएँ

अभिक्रियासामान्य समीकरणउदाहरण / पहचान
अम्ल + धातुलवण + H₂Zn + H₂SO₄ → ZnSO₄ + H₂; जलती तीली से "पॉप" ध्वनि
क्षारक + धातु (कुछ)लवण + H₂2NaOH + Zn → Na₂ZnO₂ (सोडियम ज़िंकेट) + H₂
अम्ल + धातु कार्बोनेट / हाइड्रोजनकार्बोनेटलवण + CO₂ + H₂ONa₂CO₃ + 2HCl → 2NaCl + H₂O + CO₂; CO₂ चूने के पानी को दूधिया करती है
CO₂ + चूने का पानीCa(OH)₂ + CO₂ → CaCO₃ + H₂Oदूधिया; अधिक CO₂ से Ca(HCO₃)₂ बनकर फिर साफ़
अम्ल + धातु ऑक्साइडलवण + जलCuO + 2HCl → CuCl₂ + H₂O (नीला-हरा विलयन) — अतः धातु ऑक्साइड क्षारकीय
क्षारक + अधातु ऑक्साइडलवण + जलCa(OH)₂ + CO₂ → CaCO₃ + H₂O — अतः अधातु ऑक्साइड अम्लीय
अम्ल + क्षारक (उदासीनीकरण)लवण + जलNaOH + HCl → NaCl + H₂O

संगमरमर (CaCO₃) के स्मारकों का अम्लीय वर्षा से क्षरण भी "अम्ल + कार्बोनेट" अभिक्रिया का उदाहरण है।


11. pH स्केल

pH विलयन में हाइड्रोजन आयन की सांद्रता का माप है; इसमें "p" जर्मन शब्द potenz (शक्ति) से है और पैमाना डेनिश वैज्ञानिक सॉरेनसन ने दिया। पैमाना सामान्यतः 0 से 14 तक है। H⁺ सांद्रता जितनी अधिक, pH उतना कम। 25 °C पर pH 7 = उदासीन, 7 से कम = अम्लीय, 7 से अधिक = क्षारीय। pH में 1 का अंतर H⁺ सांद्रता में 10 गुना अंतर दर्शाता है।

पदार्थpH (लगभग)प्रकृति
1 M HClलगभग 0प्रबल अम्लीय
आमाशय का जठर रस (HCl युक्त)लगभग 1.5–3.5प्रबल अम्लीय
नींबू का रसलगभग 2–2.5अम्लीय
सिरकालगभग 2.5–3अम्लीय
संतरे का रसलगभग 3.5अम्लीय
टमाटर का रसलगभग 4–4.5अम्लीय
ब्लैक कॉफ़ीलगभग 5हल्का अम्लीय
अम्लीय वर्षा5.6 से कमअम्लीय
दूधलगभग 6.5–6.8बहुत हल्का अम्लीय
शुद्ध जल (25 °C)7उदासीन
मानव रक्तलगभग 7.4 (7.35–7.45)हल्का क्षारीय
समुद्री जललगभग 8हल्का क्षारीय
बेकिंग सोडा का विलयनलगभग 8–9हल्का क्षारीय
मिल्क ऑफ़ मैग्नीशियालगभग 10–10.5क्षारीय
घरेलू अमोनियालगभग 11–12क्षारीय
1 M NaOHलगभग 14प्रबल क्षारीय

दैनिक जीवन में pH

स्थितिव्याख्या
शरीर का pHहमारा शरीर लगभग 7.0 से 7.8 pH के संकीर्ण परास में कार्य करता है (NCERT)
अपच / अम्लताआमाशय में अधिक अम्ल → एंटासिड (दुर्बल क्षारक) जैसे मिल्क ऑफ़ मैग्नीशिया Mg(OH)₂ या बेकिंग सोडा
दंत क्षयमुँह का pH 5.5 से कम होने पर दंतवल्क (कैल्शियम हाइड्रॉक्सीएपेटाइट — शरीर का सबसे कठोर पदार्थ) का क्षय; इसलिए टूथपेस्ट सामान्यतः क्षारकीय
मधुमक्खी / चींटी का डंकमेथेनॉइक (फॉर्मिक) अम्ल → बेकिंग सोडा जैसे दुर्बल क्षारक से राहत
नेटल (बिच्छू बूटी) का डंकमेथेनॉइक अम्ल; पास उगने वाले डॉक पौधे की पत्ती रगड़ने का पारंपरिक उपचार
मृदाअम्लीय मिट्टी में चूना (CaO / Ca(OH)₂ / चूना पत्थर) मिलाते हैं
अम्लीय वर्षानदियों का pH घटने पर जलीय जीवों का जीवन कठिन

12. प्राकृतिक स्रोतों में अम्ल

प्राकृतिक स्रोतअम्ल
सिरकाएसीटिक अम्ल (एथेनॉइक अम्ल, CH₃COOH)
नींबू, संतरा (खट्टे फल)साइट्रिक अम्ल
इमलीटार्टरिक अम्ल
दही, खट्टा दूधलैक्टिक अम्ल
चींटी व मधुमक्खी का डंक, नेटलफॉर्मिक अम्ल (मेथेनॉइक अम्ल, HCOOH)
टमाटरऑक्सेलिक अम्ल
सेबमैलिक अम्ल
आँवलाएस्कॉर्बिक अम्ल (विटामिन C)
आमाशय (जठर रस)हाइड्रोक्लोरिक अम्ल (HCl)
सोडा वाटर / कोल्ड ड्रिंककार्बोनिक अम्ल (H₂CO₃)
प्रोटीनअमीनो अम्ल (इकाई)

खनिज अम्ल (HCl, H₂SO₄, HNO₃) प्रयोगशाला व उद्योग के प्रबल अम्ल हैं। H₂SO₄ को उद्योगों में अत्यधिक उपयोग के कारण "रसायनों का राजा" कहा जाता है; HCl, HNO₃ को 3 : 1 अनुपात में मिलाने पर अम्लराज (Aqua Regia) बनता है, जो सोना-प्लेटिनम भी घोल देता है।


13. लवण — परिवार और pH

अम्ल और क्षारक के उदासीनीकरण से लवण (Salt) बनता है। समान धनायन या समान ऋणायन वाले लवण एक "परिवार" कहलाते हैं — जैसे NaCl, Na₂SO₄ (सोडियम परिवार); NaCl, KCl (क्लोराइड परिवार)।

किससे बनालवण की प्रकृतिउदाहरण
प्रबल अम्ल + प्रबल क्षारकउदासीन (pH 7)NaCl, KCl, Na₂SO₄
प्रबल अम्ल + दुर्बल क्षारकअम्लीय (pH < 7)NH₄Cl
दुर्बल अम्ल + प्रबल क्षारकक्षारीय (pH > 7)Na₂CO₃, NaHCO₃, CH₃COONa

14. प्रमुख लवण — सामान्य नाम, सूत्र और उपयोग

सामान्य नामसूत्रकैसे बनता हैप्रमुख उपयोग
साधारण नमकNaClसमुद्री जल के वाष्पन से; खनिज रूप — सेंधा नमक (Rock Salt)भोजन, NaOH, बेकिंग सोडा, वॉशिंग सोडा, ब्लीचिंग पाउडर का कच्चा माल
बेकिंग सोडाNaHCO₃NaCl + H₂O + CO₂ + NH₃ → NH₄Cl + NaHCO₃पकौड़े/केक फुलाना, एंटासिड, सोडा-अम्ल अग्निशामक
वॉशिंग सोडाNa₂CO₃·10H₂Oबेकिंग सोडा गरम करके सोडियम कार्बोनेट, फिर पुनःक्रिस्टलनकाँच, साबुन, कागज़ उद्योग; बोरेक्स बनाना; घरेलू सफ़ाई; जल की स्थायी कठोरता दूर करना
ब्लीचिंग पाउडरCaOCl₂Ca(OH)₂ (शुष्क बुझा चूना) + Cl₂ → CaOCl₂ + H₂Oपेयजल का रोगाणुनाशन, सूती-लिनन वस्त्र व लुगदी का विरंजन, ऑक्सीकारक
प्लास्टर ऑफ पेरिसCaSO₄·½H₂Oजिप्सम को 373 K (100 °C) पर गरम करकेटूटी हड्डी का प्लास्टर, खिलौने, मूर्तियाँ, सजावट, सतह चिकनी करना
जिप्समCaSO₄·2H₂Oप्राकृतिक खनिज; POP + जल से भी बनता हैसीमेंट में जमने की गति धीमी करने हेतु, POP बनाना

बेकिंग सोडा के मुख्य समीकरण

गरम करने पर: 2NaHCO₃ → Na₂CO₃ + H₂O + CO₂। निकलने वाली CO₂ से केक/पाव फूलकर मुलायम बनते हैं। बेकिंग पाउडर = बेकिंग सोडा + कोई दुर्बल खाद्य अम्ल (जैसे टार्टरिक अम्ल); अम्ल मिलाने से सोडियम कार्बोनेट का कड़वा स्वाद नहीं आता।

प्लास्टर ऑफ पेरिस का जमना

CaSO₄·½H₂O + 1½H₂O → CaSO₄·2H₂O (जिप्सम, कठोर ठोस)। इसलिए POP को नमी-रोधी पात्र में रखते हैं। "½H₂O" का अर्थ है — CaSO₄ की दो इकाइयाँ मिलकर जल के एक अणु से जुड़ी हैं।

क्लोर-क्षार प्रक्रिया (Chlor-Alkali Process)

सोडियम क्लोराइड के जलीय विलयन (ब्राइन) का विद्युत-अपघटन: 2NaCl(aq) + 2H₂O(l) → 2NaOH(aq) + Cl₂(g) + H₂(g)। नाम इसलिए "क्लोर-क्षार" — उत्पाद क्लोरीन (क्लोर) और सोडियम हाइड्रॉक्साइड (क्षार)।

उत्पादकहाँ बनता हैउपयोग
क्लोरीन (Cl₂)एनोड परजल शोधन, PVC, कीटनाशक, ब्लीचिंग पाउडर, CFC
हाइड्रोजन (H₂)कैथोड परईंधन, वनस्पति तेल का हाइड्रोजनीकरण (मार्जरीन), अमोनिया (उर्वरक)
सोडियम हाइड्रॉक्साइड (NaOH)कैथोड के निकट विलयन मेंसाबुन, अपमार्जक, कागज़, कृत्रिम रेशे, ग्रीस हटाना
H₂ + Cl₂ → HCl—स्टील की सफ़ाई, दवाइयाँ, PVC

15. क्रिस्टलन जल (Water of Crystallisation)

लवण की एक सूत्र-इकाई में निश्चित संख्या में जुड़े जल-अणु क्रिस्टलन जल कहलाते हैं। ये लवण को सूखा दिखने पर भी उसके क्रिस्टल का भाग होते हैं।

लवणसूत्रक्रिस्टलन जल अणुतथ्य
नीला थोथा (कॉपर सल्फ़ेट)CuSO₄·5H₂O5गरम करने पर जल उड़कर सफ़ेद CuSO₄; जल डालने पर फिर नीला
वॉशिंग सोडाNa₂CO₃·10H₂O10—
जिप्समCaSO₄·2H₂O2—
प्लास्टर ऑफ पेरिसCaSO₄·½H₂O½—
हरा कसीस (फ़ेरस सल्फ़ेट)FeSO₄·7H₂O7हरे क्रिस्टल

16. जल की कठोरता

जो जल साबुन के साथ आसानी से झाग नहीं देता और स्कम (अघुलनशील मैल) बनाता है, वह कठोर जल है। कठोरता Ca²⁺ और Mg²⁺ आयनों के घुले लवणों के कारण होती है।

आधारअस्थायी कठोरतास्थायी कठोरता
कारणकैल्शियम व मैग्नीशियम के बाइकार्बोनेट — Ca(HCO₃)₂, Mg(HCO₃)₂कैल्शियम व मैग्नीशियम के क्लोराइड और सल्फ़ेट — CaCl₂, MgCl₂, CaSO₄, MgSO₄
दूर करने की विधिउबालना (अघुलनशील कार्बोनेट अवक्षेपित); क्लार्क विधि (बुझा चूना मिलाना)वॉशिंग सोडा मिलाना; आयन-विनिमय (परम्यूटिट / ज़ियोलाइट); कैलगॉन (सोडियम हेक्सामेटाफ़ॉस्फ़ेट)
उबालने परदूर हो जाती हैदूर नहीं होती

उबालने पर: Ca(HCO₃)₂ → CaCO₃↓ + H₂O + CO₂ — यही CaCO₃ केतली और बॉयलर में परत (Scale) बनाता है। अपमार्जक (डिटर्जेंट) कठोर जल में भी काम करते हैं, साबुन नहीं — इसका विस्तार दैनिक जीवन में रसायन में है।


17. परीक्षा में कौन-सी गलतियाँ होती हैं? (Exam Trap)

Trap 1: बेकिंग सोडा बनाम वॉशिंग सोडा बनाम बेकिंग पाउडर

पदार्थसूत्रमुख्य उपयोग
बेकिंग सोडाNaHCO₃खाना पकाना, एंटासिड, अग्निशामक
वॉशिंग सोडाNa₂CO₃·10H₂Oसफ़ाई, काँच, स्थायी कठोरता हटाना
बेकिंग पाउडरNaHCO₃ + टार्टरिक अम्ल (मिश्रण)केक/ब्रेड

Trap 2: प्लास्टर ऑफ पेरिस बनाम जिप्सम

POP = ½H₂O (हेमीहाइड्रेट); जिप्सम = 2H₂O (डाइहाइड्रेट)। जिप्सम गरम करने पर POP बनता है; POP में जल मिलाने पर जिप्सम।

Trap 3: फिनॉल्फ़्थेलिन बनाम मेथिल ऑरेंज

फिनॉल्फ़्थेलिन: अम्ल में रंगहीन, क्षारक में गुलाबी। मेथिल ऑरेंज: अम्ल में लाल, क्षारक में पीला। "फिनॉल्फ़्थेलिन अम्ल में लाल" — गलत।

Trap 4: इमली बनाम टमाटर बनाम सेब

इमली — टार्टरिक; टमाटर — ऑक्सेलिक; सेब — मैलिक; दही — लैक्टिक। चींटी का डंक — फॉर्मिक (मेथेनॉइक), एसीटिक नहीं।

Trap 5: जंग का सूत्र

जंग = Fe₂O₃·xH₂O (जलयोजित फ़ेरिक ऑक्साइड), केवल Fe₂O₃ या Fe₃O₄ नहीं। Fe₃O₄ लोहे के भाप से क्रिया का उत्पाद है।

Trap 6: यशदलेपन — किस धातु की परत?

गैल्वेनाइज़ेशन = जस्ता (Zinc) की परत। टिन की परत "टिनिंग" और क्रोमियम की परत "क्रोम प्लेटिंग" है।

Trap 7: अस्थायी बनाम स्थायी कठोरता

बाइकार्बोनेट → अस्थायी (उबालने से दूर)। क्लोराइड/सल्फ़ेट → स्थायी (उबालने से नहीं, वॉशिंग सोडा/आयन-विनिमय से)।

Trap 8: प्रबल बनाम सांद्र

तनु HCl भी प्रबल अम्ल है; सांद्र एसीटिक अम्ल भी दुर्बल। प्रबलता = आयनन की मात्रा, सांद्रता = मात्रा।

Trap 9: pH 7 हमेशा उदासीन?

pH 7 = उदासीन यह 25 °C के लिए है; रक्त (लगभग 7.4) हल्का क्षारीय है, अम्लीय नहीं।

Trap 10: क्लोर-क्षार में कहाँ क्या?

एनोड — Cl₂; कैथोड — H₂; कैथोड के पास विलयन — NaOH।


18. Most-Asked रिवीज़न तालिका (55 तथ्य)

क्र.प्रश्न / विषयउत्तर
1CaO + H₂O → Ca(OH)₂संयोजन, ऊष्माक्षेपी
2CaCO₃ → CaO + CO₂ऊष्मीय अपघटन, ऊष्माशोषी
32AgCl → 2Ag + Cl₂प्रकाश अपघटन
4जल का विद्युत-अपघटन — H₂ : O₂ आयतन2 : 1
5Fe + CuSO₄ → FeSO₄ + Cuविस्थापन
6BaCl₂ + Na₂SO₄ का सफ़ेद अवक्षेपBaSO₄ (द्विविस्थापन)
7अम्ल + क्षारक → लवण + जलउदासीनीकरण
8ऑक्सीजन का जुड़ना / इलेक्ट्रॉन का त्यागऑक्सीकरण
9CuO + H₂ → Cu + H₂O में अपचायकH₂
10श्वसनऊष्माक्षेपी
11प्रकाश-संश्लेषणऊष्माशोषी
12Pb(NO₃)₂ गरम करने पर भूरी गैसNO₂
13जंग का सूत्रFe₂O₃·xH₂O
14जंग की शर्तेंवायु + नमी
15यशदलेपनजस्ते की परत
16ताँबे पर हरी परतक्षारीय कॉपर कार्बोनेट
17चाँदी का काला पड़नाAg₂S
18तेल-वसा का ऑक्सीकरणविकृतगंधिता
19चिप्स के पैकेट में गैसनाइट्रोजन
20अरेनियस अम्लजल में H⁺ देता है
21जल में घुलनशील क्षारकक्षार (Alkali)
22लिटमस का स्रोतलाइकेन
23फिनॉल्फ़्थेलिन क्षारक मेंगुलाबी
24मेथिल ऑरेंज अम्ल मेंलाल
25हल्दी क्षारक मेंलाल-भूरा
26गंधीय सूचकप्याज़, वनीला, लौंग का तेल
27अम्ल + धातु से गैसH₂ ("पॉप" ध्वनि)
28चूने के पानी को दूधिया करने वाली गैसCO₂
29धातु ऑक्साइड की प्रकृतिक्षारकीय
30अधातु ऑक्साइड की प्रकृतिअम्लीय
31pH स्केल किसने दियासॉरेनसन
32शुद्ध जल का pH (25 °C)7
33रक्त का pHलगभग 7.4
34अम्लीय वर्षा का pH5.6 से कम
35दंत क्षय कबमुँह का pH 5.5 से कम
36पेट की अम्लता का उपचारएंटासिड — Mg(OH)₂, NaHCO₃
37सिरकाएसीटिक अम्ल
38नींबूसाइट्रिक अम्ल
39इमलीटार्टरिक अम्ल
40दहीलैक्टिक अम्ल
41चींटी का डंकफॉर्मिक (मेथेनॉइक) अम्ल
42टमाटरऑक्सेलिक अम्ल
43सेबमैलिक अम्ल
44जठर रस में अम्लHCl
45अम्लराजHCl : HNO₃ = 3 : 1
46NH₄Cl विलयन की प्रकृतिअम्लीय
47बेकिंग सोडाNaHCO₃
48वॉशिंग सोडाNa₂CO₃·10H₂O
49ब्लीचिंग पाउडरCaOCl₂
50प्लास्टर ऑफ पेरिसCaSO₄·½H₂O
51जिप्समCaSO₄·2H₂O
52क्लोर-क्षार प्रक्रिया के उत्पादNaOH, Cl₂, H₂
53नीले थोथे में क्रिस्टलन जल5 अणु
54अस्थायी कठोरता का कारणCa, Mg के बाइकार्बोनेट
55स्थायी कठोरता हटानावॉशिंग सोडा, आयन-विनिमय

19. परीक्षा में यह टॉपिक कैसे पूछा जाता है

इस अध्याय के प्रश्न प्रायः कुछ तय ढाँचों में आते हैं। नीचे हर ढाँचे का एक नमूना (स्वयं बनाया गया) प्रश्न है:

  1. सामान्य नाम ↔ सूत्र: "प्लास्टर ऑफ पेरिस का रासायनिक सूत्र क्या है?" (CaSO₄·½H₂O — विकल्पों में CaSO₄·2H₂O जाल के रूप में रहता है)
  2. अभिक्रिया का प्रकार: "Zn + CuSO₄ → ZnSO₄ + Cu किस प्रकार की अभिक्रिया है?" (विस्थापन)
  3. पदार्थ ↔ अम्ल: "इमली में कौन-सा अम्ल होता है?" (टार्टरिक)
  4. सूचक: "किसी विलयन में फिनॉल्फ़्थेलिन डालने पर गुलाबी रंग आया। विलयन का pH कैसा होगा?" (7 से अधिक)
  5. pH क्रम: "बढ़ते pH का क्रम — नींबू रस, शुद्ध जल, रक्त, मिल्क ऑफ़ मैग्नीशिया।" (यही क्रम सही)
  6. उपयोग: "पेयजल को रोगाणुमुक्त करने में किस लवण का उपयोग होता है?" (ब्लीचिंग पाउडर)
  7. दैनिक जीवन तर्क: "दही और खट्टे पदार्थ पीतल-ताँबे के बर्तनों में क्यों नहीं रखने चाहिए?" (अम्ल धातु से क्रिया कर विषैले लवण बनाते हैं)
  8. कथन-आधारित: "1. अस्थायी कठोरता उबालने से दूर होती है। 2. स्थायी कठोरता Ca-Mg के बाइकार्बोनेट से होती है।" (केवल 1 सही)

रणनीति: सूत्र वाले प्रश्नों में क्रिस्टलन जल की संख्या (½, 2, 5, 10) पर ध्यान दें — यही सबसे बड़ा जाल है। अभिक्रिया का प्रकार पहचानने के लिए गिनें: एक अभिकारक → अपघटन; एक उत्पाद → संयोजन; एक तत्व किसी यौगिक में घुसा → विस्थापन; दो यौगिकों ने आयन बदले → द्विविस्थापन।


20. इसे आसानी से याद कैसे रखें?

1. सूचक रंग: "फिनॉल्फ़्थेलिन को क्षार में गुलाबी प्यार" — फिनॉल्फ़्थेलिन + क्षारक = गुलाबी। "मेथिल ऑरेंज अम्ल में लाल, क्षार में पीला" — "मेअला-क्षापी"।

2. प्राकृतिक अम्ल: "इमली टार्टर, टमाटर ऑक्सेलिक, सेब मैलिक, दही लैक्टिक, चींटी फॉर्मिक, सिरका एसीटिक, नींबू साइट्रिक"।

3. क्रिस्टलन जल: "POP आधा, जिप्सम दो, थोथा पाँच, सोडा दस" — ½, 2, 5, 10।

4. बेकिंग बनाम वॉशिंग: "बेकिंग में H है" — NaHCO₃ (हाइड्रोजन वाला = खाने का); वॉशिंग = Na₂CO₃·10H₂O (दस पानी = धोने का)।

5. ऑक्सीकरण-अपचयन: "OIL RIG" — Oxidation Is Loss (इलेक्ट्रॉन), Reduction Is Gain।

6. कठोरता: "बाइ = बाय-बाय उबालते ही" — बाइकार्बोनेट वाली कठोरता उबालने से चली जाती है।

7. क्लोर-क्षार: "Anode — Chlorine (A-C), Cathode — Hydrogen"।

8. जंग: "हवा + पानी = जंग की कहानी; जस्ता चढ़ाओ, लोहा बचाओ।"


21. कथन अभ्यास

बिना बुझे चूने और जल की अभिक्रिया ऊष्माक्षेपी संयोजन अभिक्रिया है। — सही।

जल के विद्युत-अपघटन में ऑक्सीजन का आयतन हाइड्रोजन का दोगुना होता है। — गलत (हाइड्रोजन का आयतन ऑक्सीजन का दोगुना होता है)।

लोहे की कील को कॉपर सल्फ़ेट विलयन में डालने पर विलयन का नीला रंग हल्का हरा हो जाता है। — सही।

जंग लगने के लिए केवल ऑक्सीजन पर्याप्त है, नमी आवश्यक नहीं। — गलत (वायु और नमी दोनों आवश्यक)।

गैल्वेनाइज़ेशन में लोहे पर जस्ते की परत चढ़ाई जाती है। — सही।

फिनॉल्फ़्थेलिन अम्लीय विलयन में गुलाबी हो जाता है। — गलत (अम्ल में रंगहीन, क्षारक में गुलाबी)।

मानव रक्त का pH लगभग 7.4 होता है। — सही।

इमली में साइट्रिक अम्ल होता है। — गलत (टार्टरिक अम्ल; साइट्रिक अम्ल नींबू में)।

चींटी के डंक में फॉर्मिक (मेथेनॉइक) अम्ल होता है। — सही।

प्लास्टर ऑफ पेरिस का सूत्र CaSO₄·2H₂O है। — गलत (CaSO₄·½H₂O; CaSO₄·2H₂O जिप्सम है)।

क्लोर-क्षार प्रक्रिया में एनोड पर क्लोरीन गैस मुक्त होती है। — सही।

जल की स्थायी कठोरता उबालने से दूर हो जाती है। — गलत (उबालने से अस्थायी कठोरता दूर होती है; स्थायी के लिए वॉशिंग सोडा या आयन-विनिमय)।


22. एक दिन पहले — 15 रेखाएँ

  1. संयोजन (CaO + H₂O), अपघटन (CaCO₃), विस्थापन (Fe + CuSO₄), द्विविस्थापन (BaSO₄↓)
  2. अपघटन: ऊष्मीय, विद्युत (जल → H₂ : O₂ = 2 : 1), प्रकाश (AgCl → धूसर)
  3. रेडॉक्स: ऑक्सीकरण = O जुड़ना / e⁻ खोना; अपचयन = उल्टा
  4. ऊष्माक्षेपी: श्वसन, दहन; ऊष्माशोषी: प्रकाश-संश्लेषण, CaCO₃ अपघटन
  5. जंग Fe₂O₃·xH₂O; वायु + नमी; रोकथाम — यशदलेपन (Zn)
  6. विकृतगंधिता = तेल-वसा का ऑक्सीकरण; चिप्स में N₂
  7. अरेनियस: अम्ल → H⁺, क्षारक → OH⁻; क्षार = जल में घुलनशील क्षारक
  8. लिटमस (लाइकेन) — अम्ल लाल; फिनॉल्फ़्थेलिन — क्षारक गुलाबी; मेथिल ऑरेंज — अम्ल लाल, क्षारक पीला; हल्दी — क्षारक लाल-भूरा
  9. pH 0–14; शुद्ध जल 7; रक्त लगभग 7.4; अम्लीय वर्षा < 5.6; दंत क्षय < 5.5
  10. सिरका-एसीटिक, नींबू-साइट्रिक, इमली-टार्टरिक, दही-लैक्टिक, चींटी-फॉर्मिक, टमाटर-ऑक्सेलिक, सेब-मैलिक
  11. NaHCO₃ बेकिंग; Na₂CO₃·10H₂O वॉशिंग; CaOCl₂ ब्लीचिंग
  12. POP CaSO₄·½H₂O (हड्डी का प्लास्टर); जिप्सम CaSO₄·2H₂O (सीमेंट)
  13. क्लोर-क्षार: ब्राइन → NaOH + Cl₂ (एनोड) + H₂ (कैथोड)
  14. नीला थोथा CuSO₄·5H₂O — गरम करने पर सफ़ेद
  15. अस्थायी कठोरता (बाइकार्बोनेट) — उबालना; स्थायी (क्लोराइड/सल्फ़ेट) — वॉशिंग सोडा, आयन-विनिमय

23. अभ्यास

नोट पढ़ने के बाद इस पृष्ठ के अंत में दिए 25 प्रश्नों का क्विज़ हल करें। जिन प्रश्नों में गलती हो, उनके लिए खंड 4 (अभिक्रिया तालिका), खंड 14 (लवण तालिका) और खंड 17 (Exam Traps) दोबारा पढ़ें। परीक्षा-स्तर के मिश्रित प्रश्नों के लिए राजस्थान CET स्नातक फ़ाइनल मेगा 2026 टेस्ट सीरीज़ और SSC CGL 2026 टेस्ट सीरीज़ हल करें।


24. निष्कर्ष: परीक्षा के लिए क्या याद रखें?

रासायनिक अभिक्रियाएँ, अम्ल-क्षारक और लवण — ये रसायन का वह भाग है जो रसोई, दवाई की अलमारी और घर की दीवारों तक फैला है। अभिक्रियाओं के प्रकार पहचानने का तरीका एक बार समझ लें तो समीकरण वाले प्रश्न आसान हो जाते हैं; अम्ल-क्षारक भाग में सूचकों के रंग, pH के लगभग मान और प्राकृतिक अम्ल पक्के करें; लवण भाग में पाँच-छह लवणों के सूत्र और क्रिस्टलन जल की संख्या सबसे अधिक अंक दिलाती है। pH के मान "लगभग" हैं — प्रश्नों में क्रम और प्रकृति (अम्लीय/क्षारीय) पर ज़ोर दें, दशमलव पर नहीं।

संयोजन-अपघटन-विस्थापन-द्विविस्थापन-रेडॉक्स | जंग = Fe₂O₃·xH₂O, बचाव = जस्ता | लिटमस-फिनॉल्फ़्थेलिन-मेथिल ऑरेंज | pH 7 उदासीन, रक्त ≈ 7.4 | NaHCO₃, Na₂CO₃·10H₂O, CaOCl₂, CaSO₄·½H₂O


अंतिम संशोधन (Last Updated):
RPSC / RSSB सिलेबस के अनुसार
इतिहास, कला-संस्कृति, हिंदी व्याकरण व सामान्य विज्ञान नोट्स लेखकलेखक परिचय

इस टॉपिक का क्विज़ कहाँ दें?

“अम्ल, क्षारक, लवण और रासायनिक अभिक्रियाएँ — pH, सूचक, प्रमुख लवण, जंग — SSC/रेलवे/CET” पढ़ने के बाद इन क्विज़ से तुरंत दोहराएँ — गलत उत्तर वाले बिंदु नोट में दोबारा देखें।

पूरे सिलेबस का अभ्यास: SSC CGL 2026 संपूर्ण टेस्ट सीरीज़ — पहला टेस्ट फ्री आज़माएँ

तैयारी का स्व-मूल्यांकनफ्री डेमो उपलब्ध
SSC CGL 2026 संपूर्ण टेस्ट सीरीज़
₹99

यह टॉपिक पढ़ लिया? अब असली परीक्षा जैसे मॉक टेस्ट में खुद को परखें

SSC CGL 2026 संपूर्ण टेस्ट सीरीज़

  • नवीनतम परीक्षा पैटर्न, समय-सीमा और नेगेटिव मार्किंग के साथ
  • रैंक, कमजोर टॉपिक विश्लेषण और हर प्रश्न की हिंदी व्याख्या
  • वेबसाइट एवं एंड्रॉइड ऐप दोनों पर तुरंत एक्सेस
⚡ PhonePe · Google Pay · Paytm UPI द्वारा तुरंत सुरक्षित सक्रियण
आधिकारिक कम्युनिटी

SSC CGL 2026 संपूर्ण टेस्ट सीरीज़ — सुयोग अकादमी WhatsApp ग्रुप

डेली फ्री हस्तलिखित नोट्स, नए मॉक टेस्ट लिंक और टॉपर्स रणनीति सीधे WhatsApp पर प्राप्त करें।

व्हाट्सएप ग्रुप जॉइन करें

महत्वपूर्ण प्रश्नोत्तर (FAQs)

मुख्य प्रकार हैं — संयोजन, अपघटन, विस्थापन, द्विविस्थापन, उदासीनीकरण और ऑक्सीकरण-अपचयन (रेडॉक्स)। ऊर्जा के आधार पर अभिक्रियाएँ ऊष्माक्षेपी या ऊष्माशोषी होती हैं।

लोहे का वायु और नमी के संपर्क में आकर लाल-भूरे जलयोजित फ़ेरिक ऑक्साइड (Fe₂O₃·xH₂O) में बदलना जंग लगना है। इसे पेंट, तेल-ग्रीस, जस्ते की परत (यशदलेपन) या स्टेनलेस स्टील जैसी मिश्रधातु बनाकर रोका जाता है।

तेल और वसा युक्त भोजन के ऑक्सीकरण से उसका स्वाद और गंध खराब हो जाना विकृतगंधिता है। इसे प्रति-ऑक्सीकारक मिलाकर, वायुरोधी पात्र में रखकर या पैकेट में नाइट्रोजन भरकर रोका जाता है।

फिनॉल्फ़्थेलिन अम्ल में रंगहीन और क्षारक में गुलाबी हो जाता है। मेथिल ऑरेंज अम्ल में लाल और क्षारक में पीला रंग देता है।

pH स्केल विलयन की अम्लीयता या क्षारीयता मापने का 0 से 14 तक का पैमाना है। 25 °C पर शुद्ध जल का pH 7 (उदासीन) होता है; 7 से कम अम्लीय और 7 से अधिक क्षारीय।

मानव रक्त का pH लगभग 7.4 (लगभग 7.35–7.45) होता है, यानी रक्त हल्का क्षारीय है।

इमली में टार्टरिक अम्ल, दही में लैक्टिक अम्ल और टमाटर में ऑक्सेलिक अम्ल पाया जाता है। सिरके में एसीटिक और नींबू में साइट्रिक अम्ल होता है।

बेकिंग सोडा सोडियम हाइड्रोजनकार्बोनेट (NaHCO₃) है, जो खाना पकाने और एंटासिड में काम आता है। वॉशिंग सोडा सोडियम कार्बोनेट डेकाहाइड्रेट (Na₂CO₃·10H₂O) है, जो सफ़ाई, काँच उद्योग और जल की स्थायी कठोरता दूर करने में प्रयुक्त होता है।

प्लास्टर ऑफ पेरिस का सूत्र CaSO₄·½H₂O है, जो जिप्सम (CaSO₄·2H₂O) को लगभग 373 K पर गरम करके बनता है। यह टूटी हड्डियों के प्लास्टर, मूर्तियों, खिलौनों और सजावट में काम आता है।

अस्थायी कठोरता कैल्शियम और मैग्नीशियम के बाइकार्बोनेट से होती है और उबालने से दूर हो जाती है। स्थायी कठोरता इनके क्लोराइड व सल्फ़ेट से होती है और वॉशिंग सोडा या आयन-विनिमय विधि से दूर की जाती है।

क्या आपको यह अध्ययन नोट्स पसंद आए? अपने दोस्तों के साथ अवश्य शेयर करें:

मुफ्त अध्ययन सामग्री और सिलेबस ट्रैकर के लिए विजिट करें: https://suyogacademy.com© 2026 Suyog Academy