रीट लेवल-1 फुल मॉक टेस्ट 01 — संपूर्ण पाठ्यक्रम
आधिकारिक पैटर्न: 150 प्रश्न (CDP, हिंदी, अंग्रेज़ी, गणित, EVS)। परीक्षा-स्तर, हिंदी माध्यम।
टेस्ट शुरू करने के लिए 1-क्लिक लॉगिन करें
टेस्ट सबमिट करते ही आपका स्कोर, रैंक व विश्लेषण और आधिकारिक WhatsApp ग्रुप लिंक तुरंत सक्रिय होगा।
रीट लेवल-1 फुल मॉक टेस्ट 01 — संपूर्ण पाठ्यक्रम: क्विज़ परिचय
इस क्विज़ में राजस्थान REET लेवल-1 विषय के 150 बहुविकल्पीय प्रश्न हैं। प्रमुख टॉपिक: वृद्धि एवं विकास, बाल विकास के सिद्धांत, वंशानुक्रम एवं वातावरण, अधिगम का अर्थ एवं कारक।
नीचे 10 नमूना प्रश्न सही उत्तर और व्याख्या के साथ दिए गए हैं, ताकि आप प्रश्नों का स्तर देख सकें। पूरी क्विज़ टाइमर, नेगेटिव मार्किंग और स्कोरकार्ड के साथ निःशुल्क लॉगिन के बाद हल करें।
नमूना प्रश्न: उत्तर व व्याख्या सहित
प्रश्न 1. वृद्धि (Growth) तथा विकास (Development) में मुख्य अंतर है—
सही उत्तर: (A) वृद्धि मात्रात्मक होती है, विकास गुणात्मक
व्याख्या: वृद्धि शारीरिक आकार, लंबाई व भार में मात्रात्मक बढ़ोतरी है, जबकि विकास शारीरिक, मानसिक, सामाजिक व संवेगात्मक पक्षों में गुणात्मक परिवर्तन है। विकास आजीवन चलने वाली व्यापक प्रक्रिया है।
प्रश्न 2. विकास का मस्तकाधोमुखी (Cephalocaudal) सिद्धांत यह दर्शाता है कि नियंत्रण का विकास होता है—
सही उत्तर: (B) सिर से पैरों की ओर
व्याख्या: मस्तकाधोमुखी सिद्धांत के अनुसार गामक नियंत्रण सिर (गर्दन) से शुरू होकर धड़ होते हुए पैरों की ओर बढ़ता है। केंद्र से परिधि की ओर का क्रम निकट-दूर (Proximodistal) सिद्धांत है।
प्रश्न 3. निम्नलिखित में से विकास का सिद्धांत नहीं है—
सही उत्तर: (C) सभी बालकों में विकास समान गति से होता है
व्याख्या: विकास निरंतर, क्रमिक तथा सामान्य से विशिष्ट की ओर होता है, परंतु गति में वैयक्तिक भिन्नताएँ रहती हैं। अतः 'समान गति' विकास का सिद्धांत नहीं है।
प्रश्न 4. बाल विकास के प्रमुख आयाम हैं—
सही उत्तर: (D) शारीरिक, मानसिक, सामाजिक, संवेगात्मक तथा भाषायी
व्याख्या: विकास बहुआयामी होता है—शारीरिक, संज्ञानात्मक/मानसिक, सामाजिक, संवेगात्मक, नैतिक तथा भाषायी आयाम साथ-साथ प्रभावित होते हैं। केवल एक आयाम पर बल अधूरा चित्र देता है।
प्रश्न 5. वुडवर्थ के अनुसार व्यक्तित्व पर वंशानुक्रम और वातावरण का प्रभाव उसी प्रकार है जैसे आयत का क्षेत्रफल—
सही उत्तर: (A) लंबाई तथा चौड़ाई के गुणनफल पर
व्याख्या: आर. एस. वुडवर्थ ने कहा कि व्यक्तित्व = वंशानुक्रम × वातावरण, जैसे आयत का क्षेत्रफल = लंबाई × चौड़ाई। दोनों में से एक शून्य हो तो व्यक्तित्व का विकास संभव नहीं।
प्रश्न 6. वंशानुक्रम का तात्कालिक आधार है—
सही उत्तर: (B) माता-पिता से प्राप्त जीन/गुणसूत्र
व्याख्या: वंशानुक्रम जैविक विरासत है जो माता-पिता के जीन व गुणसूत्रों से संतान में आती है। विद्यालय, साथी व शिक्षक वातावरणीय प्रभाव हैं, वंशानुक्रम नहीं।
प्रश्न 7. अधिगम की सबसे स्वीकृत परिभाषा है—
सही उत्तर: (C) अनुभव के फलस्वरूप व्यवहार में अपेक्षाकृत स्थायी परिवर्तन
व्याख्या: अधिगम अनुभव, अभ्यास या प्रशिक्षण से व्यवहार, ज्ञान अथवा क्षमता में अपेक्षाकृत स्थायी परिवर्तन है। क्षणिक थकान, बीमारी या नशीली अवस्था से आया परिवर्तन अधिगम नहीं माना जाता।
प्रश्न 8. निम्नलिखित में अधिगम का आंतरिक कारक है—
सही उत्तर: (D) बालक की अभिप्रेरणा
व्याख्या: अभिप्रेरणा, परिपक्वता, रुचि, स्वास्थ्य व पूर्व अनुभव आंतरिक कारक हैं। भवन, सामग्री व बैठक व्यवस्था बाह्य/वातावरणीय कारक हैं। आंतरिक अभिप्रेरणा अधिगम को सबसे प्रबल रूप से प्रभावित करती है।
प्रश्न 9. प्राथमिक कक्षाओं में बालक ज्ञान का निर्माण सर्वश्रेष्ठ ढंग से करते हैं जब वे—
सही उत्तर: (A) चिंतन, कल्पना और तर्क द्वारा सक्रिय सहभागिता करते हैं
व्याख्या: बालक निष्क्रिय ग्रहणकर्ता नहीं, बल्कि चिंतन (reflection), कल्पना (imagination) तथा तर्क/वाद-विवाद द्वारा अर्थ बनाते हैं। सक्रिय अनुभव रचनावादी अधिगम का आधार है।
प्रश्न 10. क्लासिकी अनुबंधन सिद्धांत के प्रतिपादक हैं—
सही उत्तर: (B) आई. पी. पावलव
व्याख्या: इवान पावलव (रूस) ने कुत्तों पर प्रयोग कर क्लासिकी अनुबंधन दिया—तटस्थ उद्दीपन को अअनुबंधित उद्दीपन से जोड़कर अनुबंधित अनुक्रिया उत्पन्न करना। स्किनर क्रियाप्रसूत, थॉर्नडाइक प्रयास-त्रुटि, बंदूरा सामाजिक अधिगम से जुड़े हैं।
शेष 140 प्रश्न लॉगिन के बाद क्विज़ में उपलब्ध हैं।
आगे की तैयारी
इस विषय की पूरी तैयारी के लिए
राजस्थान REET लेवल-1 (हिंदी माध्यम) संपूर्ण टेस्ट सीरीज़
महत्वपूर्ण परीक्षा निर्देश (Rules)
- 5वां विकल्प अनिवार्य: RPSC/RSMSSB के नए नियमों के अनुसार यदि आप किसी प्रश्न का उत्तर नहीं देना चाहते, तो 5वां विकल्प (अनुत्तरित) अवश्य चुनें।
- नकारात्मक अंकन: गलत उत्तर देने पर प्रश्न के कुल अंकों का 1/3 भाग काट लिया जाएगा।
- रैंक व विश्लेषण: टेस्ट सबमिट करते ही इस टेस्ट को देने वाले अभ्यर्थियों के सापेक्ष आपकी रैंक और पर्सेंटाइल दिखेगी।
पाठ्यक्रम एवं तैयारी सुझाव
इस टेस्ट के प्रश्नों को हल करने से पहले संबंधित विषय के विस्तृत स्टडी नोट्स अवश्य पढ़ें। सुयोग अकादमी पर सभी नोट्स 100% निःशुल्क बिना लॉगिन उपलब्ध हैं।
सभी निःशुल्क नोट्स पढ़ें