राजस्थान में पवन ऊर्जा — अभ्यास क्विज़
राजस्थान में पवन ऊर्जा — ≈284 GW संभाव्यता (देश में प्रथम), ≈5.5 GW स्थापित क्षमता, अमरसागर (1999), प्रमुख क्षेत्र, पवन-सौर हाइब्रिड, नीतियाँ 2012–2024, आर्थिक महत्व, चुनौतियाँ और 10 MCQ। 20
टेस्ट शुरू करने के लिए 1-क्लिक लॉगिन करें
टेस्ट सबमिट करते ही आपका स्कोर, रैंक व विश्लेषण और आधिकारिक WhatsApp ग्रुप लिंक तुरंत सक्रिय होगा।
राजस्थान में पवन ऊर्जा — अभ्यास क्विज़: क्विज़ परिचय
इस क्विज़ में राजस्थान अर्थव्यवस्था विषय के 20 बहुविकल्पीय प्रश्न हैं। प्रमुख टॉपिक: प्रथम परियोजना, संस्थान, संभाव्यता, स्थापित क्षमता।
नीचे 10 नमूना प्रश्न सही उत्तर और व्याख्या के साथ दिए गए हैं, ताकि आप प्रश्नों का स्तर देख सकें। पूरी क्विज़ टाइमर, नेगेटिव मार्किंग और स्कोरकार्ड के साथ निःशुल्क लॉगिन के बाद हल करें।
नमूना प्रश्न: उत्तर व व्याख्या सहित
प्रश्न 1. राजस्थान की प्रथम पवन ऊर्जा परियोजना किस स्थान पर स्थापित की गई थी?
सही उत्तर: (A) अमरसागर (जैसलमेर)
व्याख्या: राजस्थान की पहली पवन ऊर्जा परियोजना 1999 में जैसलमेर के अमरसागर में स्थापित हुई थी।
प्रश्न 2. अमरसागर (जैसलमेर) पवन ऊर्जा परियोजना किस वर्ष प्रारंभ हुई?
सही उत्तर: (B) 1999
व्याख्या: परीक्षा-पुस्तकों के अनुसार अमरसागर पवन परियोजना 1999 में शुरू हुई, जो राज्य की पहली पवन परियोजना है।
प्रश्न 3. राष्ट्रीय पवन ऊर्जा संस्थान (NIWE), जो देश की पवन ऊर्जा संभाव्यता का आकलन करता है, कहाँ स्थित है?
सही उत्तर: (C) चेन्नई
व्याख्या: NIWE (National Institute of Wind Energy) चेन्नई में स्थित है और पवन-संभाव्यता मानचित्र तैयार करता है।
प्रश्न 4. NIWE के आकलन के अनुसार 150 मीटर हब-ऊँचाई पर पवन ऊर्जा संभाव्यता में देश में प्रथम राज्य कौन-सा है?
सही उत्तर: (D) राजस्थान
व्याख्या: NIWE के अनुसार 150 मीटर ऊँचाई पर राजस्थान की पवन संभाव्यता लगभग 284 GW है, जो देश में सर्वाधिक है।
प्रश्न 5. NIWE के अनुसार 150 मीटर ऊँचाई पर राजस्थान की अनुमानित पवन ऊर्जा संभाव्यता लगभग कितनी है?
सही उत्तर: (A) 284 GW
व्याख्या: 150 मीटर हब-ऊँचाई पर राजस्थान की पवन संभाव्यता ≈284 GW आँकी गई है; 120 मीटर पर यह ≈127.75 GW है।
प्रश्न 6. NIWE के अनुसार 120 मीटर हब-ऊँचाई पर राजस्थान की पवन ऊर्जा संभाव्यता लगभग कितनी है?
सही उत्तर: (B) 127.75 GW
व्याख्या: 120 मीटर ऊँचाई पर राजस्थान की पवन संभाव्यता ≈127.75 GW है, जबकि 150 मीटर पर यह बढ़कर ≈284 GW हो जाती है।
प्रश्न 7. MNRE आँकड़ों के अनुसार 30 जून 2026 तक राजस्थान की स्थापित पवन ऊर्जा क्षमता लगभग कितनी थी?
सही उत्तर: (C) 5.5 GW
व्याख्या: जून 2026 तक राजस्थान की स्थापित पवन क्षमता ≈5,516 MW (≈5.5 GW) थी, जो संभाव्यता का बहुत छोटा अंश है।
प्रश्न 8. राजस्थान का सबसे बड़ा पवन ऊर्जा केंद्र किस जिले को माना जाता है?
सही उत्तर: (D) जैसलमेर
व्याख्या: जैसलमेर (अमरसागर, बड़ाबाग, सोढ़ा, पोकरण क्षेत्र) राज्य का सबसे बड़ा पवन ऊर्जा केंद्र है।
प्रश्न 9. दक्षिणी राजस्थान का पवन ऊर्जा केंद्र 'देवगढ़ क्षेत्र' किस जिले से संबंधित है?
सही उत्तर: (A) प्रतापगढ़
व्याख्या: परीक्षा-पुस्तकों के अनुसार चित्तौड़गढ़-प्रतापगढ़ का देवगढ़ क्षेत्र दक्षिणी राजस्थान का पवन ऊर्जा केंद्र है।
प्रश्न 10. निम्नलिखित में से कौन-सा जिला राजस्थान के प्रमुख पवन ऊर्जा क्षेत्रों में शामिल नहीं है?
सही उत्तर: (B) धौलपुर
व्याख्या: प्रमुख पवन क्षेत्र जैसलमेर, बाड़मेर, जोधपुर-फलोदी और चित्तौड़गढ़-प्रतापगढ़ हैं; पूर्वी जिला धौलपुर इनमें नहीं है।
शेष 10 प्रश्न लॉगिन के बाद क्विज़ में उपलब्ध हैं।
आगे की तैयारी
- इसका नोट: राजस्थान में पवन ऊर्जा: प्रमुख परियोजनाएँ और संभावनाएँ
- विषय के नोट्स: राजस्थान अर्थव्यवस्था के सभी निःशुल्क नोट्स
इस विषय की पूरी तैयारी के लिए
राजस्थान GK Mega टेस्ट सीरीज़ 2026
महत्वपूर्ण परीक्षा निर्देश (Rules)
- 5वां विकल्प अनिवार्य: RPSC/RSMSSB के नए नियमों के अनुसार यदि आप किसी प्रश्न का उत्तर नहीं देना चाहते, तो 5वां विकल्प (अनुत्तरित) अवश्य चुनें।
- नकारात्मक अंकन: गलत उत्तर देने पर प्रश्न के कुल अंकों का 1/3 भाग काट लिया जाएगा।
- रैंक व विश्लेषण: टेस्ट सबमिट करते ही इस टेस्ट को देने वाले अभ्यर्थियों के सापेक्ष आपकी रैंक और पर्सेंटाइल दिखेगी।
पाठ्यक्रम एवं तैयारी सुझाव
इस टेस्ट के प्रश्नों को हल करने से पहले संबंधित विषय के विस्तृत स्टडी नोट्स अवश्य पढ़ें। सुयोग अकादमी पर सभी नोट्स 100% निःशुल्क बिना लॉगिन उपलब्ध हैं।
राजस्थान अर्थव्यवस्था के निःशुल्क नोट्स पढ़ें