दादू पंथ एवं संत दादूदयाल — अभ्यास क्विज़
दादू पंथ का विस्तृत इतिहास पढ़ें। संत दादूदयाल, निर्गुण भक्ति, दादूवाणी, प्रमुख शिष्य, नरैना, सिद्धांत, सामाजिक विचार और राजस्थान में दादू पंथ के महत्व की पूरी जानकारी। 2026। मुफ्त नोट्स। CET
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दादू पंथ एवं संत दादूदयाल — अभ्यास क्विज़: क्विज़ परिचय
इस क्विज़ में कला एवं संस्कृति विषय के 20 बहुविकल्पीय प्रश्न हैं। प्रमुख टॉपिक: प्रवर्तक, प्रमुख केंद्र, भक्ति धारा, साहित्य।
नीचे 10 नमूना प्रश्न सही उत्तर और व्याख्या के साथ दिए गए हैं, ताकि आप प्रश्नों का स्तर देख सकें। पूरी क्विज़ टाइमर, नेगेटिव मार्किंग और स्कोरकार्ड के साथ निःशुल्क लॉगिन के बाद हल करें।
नमूना प्रश्न: उत्तर व व्याख्या सहित
प्रश्न 1. दादू पंथ के प्रवर्तक कौन थे?
सही उत्तर: (A) संत दादूदयाल
व्याख्या: दादू पंथ के प्रवर्तक संत दादूदयाल थे, जो निर्गुण संत परंपरा के प्रमुख संत थे।
प्रश्न 2. दादू पंथ का सबसे प्रमुख धार्मिक केंद्र (प्रधान पीठ) कौन-सा है?
सही उत्तर: (B) नरैना
व्याख्या: नरैना (जयपुर) दादू पंथ का प्रमुख केंद्र है; दादूदयाल के अंतिम समय से जुड़े होने के कारण यह प्रमुख तीर्थस्थल है।
प्रश्न 3. दादू पंथ किस भक्ति धारा से संबंधित है?
सही उत्तर: (C) निर्गुण भक्ति
व्याख्या: दादू पंथ निर्गुण भक्ति धारा का पंथ है, जिसमें निराकार परमात्मा की उपासना की जाती है।
प्रश्न 4. संत दादूदयाल की वाणियों के संकलन को क्या कहा जाता है?
सही उत्तर: (D) दादूवाणी
व्याख्या: दादूदयाल की वाणियों का संकलन ‘दादूवाणी’ (दादू की वाणी) कहलाता है; बीजक कबीर से संबंधित है।
प्रश्न 5. निम्नलिखित में से कौन दादूदयाल के प्रमुख शिष्यों में शामिल नहीं है?
सही उत्तर: (A) हरिदास निरंजनी
व्याख्या: रज्जब, सुंदरदास और गरीबदास दादू के प्रमुख शिष्य थे; हरिदास निरंजनी निरंजनी संप्रदाय के प्रवर्तक थे।
प्रश्न 6. संत दादूदयाल को उनकी विचारधारा और सामाजिक संदेश के कारण प्रायः क्या कहा जाता है?
सही उत्तर: (B) राजस्थान का कबीर
व्याख्या: कबीर की निर्गुण संत परंपरा के निकट होने के कारण दादूदयाल को ‘राजस्थान का कबीर’ कहा जाता है।
प्रश्न 7. दादू पंथ के उपदेशों के संदर्भ में कौन-सा कथन सही नहीं है?
सही उत्तर: (C) इसमें मूर्तिपूजा और कर्मकांड को मुक्ति का मुख्य साधन माना गया।
व्याख्या: दादू पंथ ने बाह्य आडंबर और कर्मकांड का विरोध किया तथा नाम-स्मरण व गुरु-महिमा पर बल दिया।
प्रश्न 8. दादूपंथियों के उपासना स्थल को क्या कहा जाता है?
सही उत्तर: (D) दादूद्वारा
व्याख्या: दादू पंथ के उपासना स्थल ‘दादूद्वारा’ कहलाते हैं; रामद्वारा रामस्नेही संप्रदाय के होते हैं।
प्रश्न 9. दादू पंथ के सत्संग स्थल को किस नाम से जाना जाता है?
सही उत्तर: (A) अलख दरीबा
व्याख्या: दादू पंथ में सत्संग स्थल को ‘अलख दरीबा’ कहा जाता है।
प्रश्न 10. मुगल बादशाह अकबर से संत दादूदयाल की भेंट किस स्थान पर मानी जाती है?
सही उत्तर: (B) फतेहपुर सीकरी
व्याख्या: आमेर के राजा भगवंतदास के माध्यम से दादूदयाल की अकबर से भेंट फतेहपुर सीकरी में हुई मानी जाती है।
शेष 10 प्रश्न लॉगिन के बाद क्विज़ में उपलब्ध हैं।
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